पीड़ितों का दर्द कब समझेगी सरकार

पटना में जलजमाव कि समस्या को कई दिनों से झेलने के बाद अब पटना में  बीमारियों का प्रकोप बढ़ गया है डेंगू जैसी बीमारियों से कई लोग पीड़ित हो रहे है| पटना में जलजमाव कि […]

आगे दौड़, पीछे छोड़

केवल कृष्ण सेठी गत बहत्तर वर्श से भारत नौटंकी पर जी रहा है और इस स्थिति का अन्त नज़र नहीं आ रहा है। जब भारत स्वतन्त्र हुआ तो न तो शैक्षिक स्थिति ठीक थी, न […]

गणेश उत्सव का श्री गणेश

Ashish इस लेख की शुरुआत मैं बाल गंगाधर तिलक के एक कथन से करना चाहूंगा। “गीता धर्म कैसा है?………… वह सम है,अर्थात वर्ण, जाति, देश या किसी अन्य भेदों के झगड़ों में नहीं पड़ता,बल्कि सब लोगों […]

जन्माष्टमी की सार्थकता

आशीष कुमार यदा यदा हि धर्मस्य ग्लानिर्भवति भारत ।अभ्युत्थानमधर्मस्य तदात्मानं सृजाम्यहम् ॥४-७॥ परित्राणाय साधूनां विनाशाय च दुष्कृताम् ।धर्मसंस्थापनार्थाय सम्भवामि युगे युगे ॥४-८॥ यह श्लोक हिंदू ग्रंथ गीता के प्रमुख श्लोकों में से एक है, जिसमें […]